Get Kisan Setu AI Farming help on Play Store
Download
← फसल रोग और निदान
अरहर / तूर

अरहर का बंध्यता मोजेक रोग

अरहर का बंध्यता मोजेक रोग, जिसे Sterility Mosaic Disease या SMD कहा जाता है, अरहर की सबसे गंभीर विषाणुजनित बीमारियों में से एक है। रोग का मुख्य प्रभाव पौधे के फूल और फल बनने की क्षमता पर पड़ता है। गंभीर रूप से संक्रमित पौधे हरे और घने दिखाई देते हैं, लेकिन उनमें फूल और फलियां नहीं बनतीं। इसी कारण इसे कई बार अरहर का "ग्रीन प्लेग" भी कहा गया है। नवीन ICRISAT समीक्षा के अनुसार यह रोग Pigeonpea Sterility Mosaic Virus से संबंधित है और इसका प्रसार एरियोफाइड माइट Aceria cajani द्वारा होता है।

अरहर का बंध्यता मोजेक रोग, जिसे Sterility Mosaic Disease या SMD कहा जाता है, अरहर की सबसे गंभीर विषाणुजनित बीमारियों में से एक है। रोग का मुख्य प्रभाव पौधे के फूल और फल बनने की क्षमता पर पड़ता है। गंभीर रूप से संक्रमित पौधे हरे और घने दिखाई देते हैं, लेकिन उनमें फूल और फलियां नहीं बनतीं। इसी कारण इसे कई बार अरहर का "ग्रीन प्लेग" भी कहा गया है। नवीन ICRISAT समीक्षा के अनुसार यह रोग Pigeonpea Sterility Mosaic Virus से संबंधित है और इसका प्रसार एरियोफाइड माइट Aceria cajani द्वारा होता है।

कारण

यह रोग Pigeonpea Sterility Mosaic Virus (PPSMV) समूह के वायरस के संक्रमण के कारण होता है।

रोग का प्रसार सीधे मिट्टी या सामान्य संपर्क से नहीं, बल्कि मुख्य रूप से Aceria cajani नामक अत्यंत छोटे एरियोफाइड माइट द्वारा होता है।

यह माइट संक्रमित पौधे का रस चूसने के बाद स्वस्थ अरहर के पौधे पर पहुंचता है और वायरस का प्रसार करता है।

खेत में पुराने संक्रमित अरहर के पौधे, रैटून फसल और स्वयं उगे अरहर के पौधे वायरस और माइट दोनों के लिए संक्रमण स्रोत बन सकते हैं।

अनुकूल तापमान और पर्याप्त आर्द्रता होने पर माइट की संख्या बढ़ सकती है और रोग तेजी से फैल सकता है।

लक्षण

रोग का पहला प्रमुख लक्षण नई पत्तियों पर हल्के और गहरे हरे रंग का मोजेक पैटर्न दिखाई देना है।

पत्तियां कई बार आकार में छोटी और हल्की विकृत हो सकती हैं।

संक्रमित पौधों में बहुत अधिक शाखाएं बनने लगती हैं, जिससे पौधा सामान्य की तुलना में अधिक झाड़ीदार और हरा दिखाई देता है।

सबसे महत्वपूर्ण लक्षण फूलों का न बनना है।

गंभीर संक्रमण होने पर पूरा पौधा हरा रहता है, लेकिन उस पर फूल और फलियां लगभग नहीं बनतीं।

यदि पौधे का केवल एक हिस्सा संक्रमित हो तो कुछ शाखाएं बाँझ रह सकती हैं जबकि दूसरी शाखाओं पर सीमित फूल और फलियां बन सकती हैं।

कुछ जीनोटाइप में पत्तियों पर गोलाकार या रिंग स्पॉट जैसे लक्षण भी दिखाई दे सकते हैं। ICRISAT ने हल्के-गहरे हरे मोजेक, अधिक शाखाएं और बंध्यता को प्रमुख लक्षण बताया है।

निदान

यदि अरहर का पौधा सामान्य रूप से हरा और झाड़ीदार है लेकिन फूल नहीं बना रहा, तो बंध्यता मोजेक की जांच करें।

पत्तियों पर हल्का-गहरा हरा मोजेक और बहुत अधिक छोटी शाखाएं इस रोग की महत्वपूर्ण पहचान हैं।

पोषक तत्व की कमी में पौधा सामान्यतः कमजोर या पीला होता है, जबकि SMD में पौधा कई बार असामान्य रूप से हरा दिखाई देता है।

माइट बहुत छोटा होता है और सामान्य आंख से आसानी से नहीं दिखाई देता। आवश्यकता होने पर आवर्धक लेंस या प्रयोगशाला जांच उपयोगी है।

उपाय

बंध्यता मोजेक के प्रति प्रतिरोधी या सहनशील अरहर किस्मों का उपयोग सबसे महत्वपूर्ण उपाय है।

खेत को पुराने रैटून या संक्रमित अरहर के पौधों से दूर रखें। ICRISAT भी पुराने बारहमासी या रैटून अरहर के पास नई फसल लगाने से बचने की सलाह देता है।

खेत में रोग के शुरुआती लक्षण वाले पौधों को जड़ सहित निकालकर नष्ट करें। इससे वायरस और माइट दोनों के स्रोत को कम किया जा सकता है।

फसल कटाई के बाद स्वयं उगे अरहर के पौधों को खेत और आसपास से हटाएं।

माइट की नियमित निगरानी करें, विशेषकर फसल की शुरुआती अवस्था में।

यदि माइट की संख्या आर्थिक नुकसान के स्तर तक पहुंच जाए, तो स्थानीय कृषि विभाग द्वारा अरहर में पंजीकृत अनुशंसित माइटनाशी का उपयोग करें। पुराने साहित्य में कुछ माइटनाशियों का उल्लेख मिलता है, लेकिन वर्तमान पंजीकरण और लेबल के अनुसार ही उत्पाद चुनें।

वायरस को पौधे के अंदर से समाप्त करने वाली कोई सामान्य खेत की दवा नहीं होती। इसलिए प्रतिरोधी किस्म, संक्रमित पौधों को हटाना और माइट नियंत्रण इसका मुख्य प्रबंधन है।